स्वतंत्र हित/ संवाददाता
रामपुर/लखनऊ, 31 अक्टूबर। समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री मोहम्मद आजम खान को शनिवार शाम रामपुर जेल से रिहा होते ही प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई मौलाना मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट और मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में की गई है।
सूत्रों के मुताबिक, जेल के बाहर पहले से मौजूद ED की टीम ने रिहाई के कुछ ही मिनट बाद आजम खान को अपने साथ ले लिया। ED के लखनऊ जोनल कार्यालय के अधिकारियों के अनुसार, गिरफ्तारी की औपचारिकताएं पूरी करने के बाद उन्हें रविवार, 1 नवंबर को गाजियाबाद की विशेष PMLA अदालत में पेश किया जाएगा।
ED की जांच सरकारी ठेकों के धन को निजी ठेकेदारों के जरिए घुमाने और उसका इस्तेमाल ट्रस्ट व यूनिवर्सिटी की संपत्तियां बनाने में किए जाने के आरोपों से जुड़ी है। एजेंसी ने 19 अगस्त को उत्तर प्रदेश और दिल्ली में आजम खान से जुड़े दस ठिकानों पर छापेमारी की थी। 13 अक्टूबर को जेल के भीतर उनसे पूछताछ भी हुई।
28 अक्टूबर को ED ने यूनिवर्सिटी की जमीन और इमारतों को अस्थायी रूप से कुर्क किया, जिनकी बुक वैल्यू करीब 426.46 करोड़ रुपये और अनुमानित बाजार मूल्य लगभग 1,170 करोड़ रुपये बताया गया है।
अब सबकी नजर रविवार को गाजियाबाद की अदालत पर है, जहां ED हिरासत की मांग कर सकती है। मामले की जांच जारी है। गौरतलब है कि आजम खान पर पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें ज्यादातर जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े हैं।


