UP में चाइनीज मांझे पर योगी सरकार का ‘स्ट्राइक’; पुलिस कप्तानों को जिलों में छापेमारी के आदेश
लखनऊ |अंजनी बाजपेई
उत्तर प्रदेश में अब पतंगबाजी की खूनी डोर (चाइनीज मांझा) किसी की जान लेगी, तो बेचने और इस्तेमाल करने वाले पर ‘हत्या’ का मुकदमा चलेगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में बढ़ती मौतों पर सख्त नाराजगी जताते हुए इसे ‘एक्सीडेंट’ के बजाय ‘मर्डर’ की श्रेणी में रखने का निर्देश दिया है। सीएम ने दो टूक कहा है- “अब ढिलाई बर्दाश्त नहीं होगी, पुलिस कमिश्नर और कप्तान खुद बाजारों में छापेमारी सुनिश्चित करें।”
ग्राउंड रिपोर्ट: तलवार से भी तेज है यह नायलॉन का फंदा
सामान्य सूती धागा खींचने पर टूट जाता है, लेकिन यह ‘चाइनीज मांझा’ नायलॉन, मेटलिक पाउडर और पिसे हुए कांच से तैयार होता है। यह इतना जानलेवा है कि बाइक सवार की गर्दन की हड्डी तक को पलक झपकते ही काट देता है।
स्वतंत्र हित चेक: 1 साल, 8 मौतें और अनगिनत जख्म
| तारीख | शहर | क्या हुआ? |
| 4 फरवरी | लखनऊ | हैदरगंज ओवरब्रिज पर MR मोहम्मद शोएब का गला कटा, 10 मिनट तड़पे और मौत। |
| 14 जनवरी | जौनपुर | डॉ. समीर हाशमी की गर्दन की हड्डी कटी, बीच सड़क पर तोड़ा दम। |
| 11 जनवरी | शाहजहांपुर | ड्यूटी पर जा रहे कांस्टेबल शाहरुख हसन की मांझे की चपेट में आने से मौत। |
| 29 जुलाई | गोरखपुर | अमित गुप्ता की गर्दन की 4 नसें कटीं, हेलमेट होने के बावजूद बाल-बाल बचे। |
क्यों नहीं टूटता यह मौत का जाल?
मटेरियल: यह सूत के बजाय नायलॉन और प्लास्टिक से बनता है।
कोटिंग: इस पर लोहे के चूरे और कांच की लेयर चढ़ाई जाती है, जिससे यह ‘फ्लेक्सिबल आरी’ बन जाता है।
इलाज मुश्किल: इससे होने वाला घाव इतना गहरा होता है कि अस्पताल पहुँचने से पहले ही खून की कमी (Hemorrhage) से मौत हो जाती है।
सफर में इन 5 बातों का रखें ध्यान
गर्दन को कवर करें: बाइक चलाते समय मफलर या ऊंचा कॉलर वाला जैकेट जरूर पहनें।
स्पीड पर ब्रेक: ओवरब्रिज और खुले इलाकों में गाड़ी 30-40 किमी/घंटा से ऊपर न चलाएं।
बच्चे पीछे बैठें: बच्चों को बाइक की टंकी पर बिल्कुल न बैठाएं, यह सबसे खतरनाक जोन है।
गार्ड लगवाएं: दुपहिया वाहनों पर ‘मांझा प्रोटेक्टर’ (लोहे का तार) लगवाना सबसे सुरक्षित है।
पतंग दिखे तो रुकें: हवा में पतंग या लटकता धागा दिखे तो तुरंत किनारे रुक जाएं।
चाइनीज मांझा बेचना और खरीदना कानूनी अपराध है। अगर आपके पड़ोस में कोई इसे बेच रहा है, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। आपकी चुप्पी किसी की जान ले सकती है।


